बिहार के सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले 27 लाख से अधिक बच्चों के लिए बड़ी खुशखबरी है! बिहार सरकार ने प्री-मैट्रिक छात्रवृत्ति (Pre-Matric Scholarship) की राशि को दोगुना (Double) कर दिया है। अब कक्षा 1 से लेकर 10 तक के विद्यार्थियों को पहले के मुकाबले दुगनी स्कॉलरशिप राशि मिलेगी। यह फैसला राज्य कैबिनेट द्वारा स्वीकृत किया गया है और इस पर 500 करोड़ से अधिक का बजट खर्च होगा। इस पोस्ट में हम आपको बताएंगे कि किस क्लास के बच्चे को कितनी राशि मिलेगी, आवेदन की प्रक्रिया क्या है और इस योजना का लाभ लेने के लिए क्या करना होगा।

मुख्य जानकारी (Highlight Box)
| योजना का नाम | लाभार्थी | मुख्य लाभ | आवेदन प्रक्रिया |
| बिहार प्री-मैट्रिक स्कॉलरशिप | कक्षा 1 से 10 के सरकारी स्कूल के विद्यार्थी | छात्रवृत्ति राशि दोगुनी | स्वचालित (Auto-approved), स्कूल द्वारा एडमिशन के समय पंजीकरण |
नई दुगुनी छात्रवृत्ति राशि (वार्षिक)
| कक्षा (Class) | पुरानी वार्षिक राशि | नई वार्षिक राशि (2026 से) | राशि में वृद्धि |
| कक्षा 1 से 4 | ₹ 600 | ₹ 1,200 | 100% (दोगुनी) |
| कक्षा 5 से 6 | ₹ 1,200 | ₹ 2,400 | 100% (दोगुनी) |
| कक्षा 7 से 10 | ₹ 1,800 | ₹ 3,600 | 100% (दोगुनी) |
| छात्रावासी विद्यार्थी (कक्षा 1-10) | ₹ 3,000 | ₹ 6,000 | 100% (दोगुनी) |
नोट: यह राशि वार्षिक (Annual) है और यह सीधे लाभार्थी या अभिभावक के बैंक खाते में ट्रांसफर की जाएगी।

योजना की विशेषताएं एवं पात्रता (Scheme Features & Eligibility)
- लाभार्थी:बिहार राज्य के सरकारी विद्यालयों (Government Schools) में कक्षा 1 से 10 में पढ़ने वाले सभी विद्यार्थी।
- मुख्य उद्देश्य:शिक्षा पर आने वाले खर्च में अभिभावकों का सहयोग करना और ड्रॉप-आउट दर कम करना।
- कवरेज:इस योजना से लगभग 27 लाख छात्र-छात्राओं को सीधा लाभ मिलेगा।
- बजट:सरकार द्वारा इस योजना पर लगभग 64 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे।
आवेदन प्रक्रिया क्या है? (Application Process)
सबसे महत्वपूर्ण बात: इस योजना के लिए अभिभावकों या विद्यार्थियों को अलग से कोई आवेदन फॉर्म (Application Form) भरने की आवश्यकता नहीं है।
- स्वचालित पंजीकरण (Auto Registration):जब भी बच्चे का सरकारी स्कूल में नामांकन (Admission) होता है, स्कूल प्रशासन की तरफ से ही ई-लाभार्थी पोर्टल (E-Kalyan/Bihar Scholarship Portal) पर उसका पंजीकरण कर दिया जाता है।
- बैंक खाता जानकारी:एडमिशन के समय ही अभिभावक या विद्यार्थी (यदि खाता है) का बैंक अकाउंट नंबर (Bank Account Number) और आईएफएससी कोड (IFSC Code) जमा कराना होता है।
- सीधा लाभ अंतरण (DBT):छात्रवृत्ति की राशि सीधे इसी पंजीकृत बैंक खाते में प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (Direct Benefit Transfer – DBT) के माध्यम से भेजी जाती है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
Q1. क्या प्राइवेट स्कूल के बच्चे भी इस योजना के पात्र हैं?
Ans: नहीं, यह योजना केवल बिहार राज्य के सरकारी स्कूलों (Government Schools) में पढ़ने वाले बच्चों के लिए है।
Q2. क्या इसके लिए अलग से ऑनलाइन आवेदन करना पड़ता है?
Ans: बिल्कुल नहीं। आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह स्वचालित (Automatic) है। स्कूल में एडमिशन होते ही बच्चा योजना के दायरे में आ जाता है।
Q3. पैसे किसके खाते में आएंगे?
Ans: कक्षा 5 तक के बच्चों के लिए पैसा अभिभावक (Parent/Guardian) के खाते में आता है। कक्षा 8 से ऊपर के बच्चे यदि अपना बैंक खाता (CSP/बैंक) रजिस्टर कराते हैं, तो पैसा सीधे उनके खाते में भी आ सकता है।
Q4. राशि कब मिलती है? साल में कितनी बार?
Ans: छात्रवृत्ति राशि वार्षिक (साल में एक बार) मिलती है। आमतौर पर शैक्षणिक सत्र शुरू होने के बाद जारी की जाती है।
Q5. अगर मेरे बच्चे को अभी तक पैसे नहीं मिले हैं तो क्या करूं?
Ans: सबसे पहले अपने स्कूल के प्रधानाध्यापक से संपर्क करें और बैंक खाते की जानकारी की पुष्टि करवाएं। आप बिहार शिक्षा विभाग की आधिकारिक वेबसाइट या ई-कल्याण पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज करा सकते हैं।
निष्कर्ष :
बिहार सरकार का यह कदम राज्य में शिक्षा को बढ़ावा देने और गरीब व वंचित परिवारों के बच्चों की पढ़ाई में आने वाली आर्थिक चुनौतियों को कम करने की दिशा में एक सराहनीय कदम है। अगर आपका बच्चा भी कक्षा 1 से 10 में किसी सरकारी स्कूल में पढ़ता है, तो सुनिश्चित करें कि एडमिशन के समय बैंक खाते की सही जानकारी जमा करा दी गई है। इस तरह की और अपडेट्स के लिए हमारे ब्लॉग OnlineUpdate.in से जुड़े रहें।
महत्वपूर्ण लिंक (Important Links)
| कार्य | लिंक |
| बिहार शिक्षा विभाग आधिकारिक वेबसाइट | यहाँ क्लिक करें |
| बिहार ई-कल्याण / स्कॉलरशिप पोर्टल | यहाँ क्लिक करें |
| बिहार सरकारी स्कूलों की सूची | यहाँ क्लिक करें |
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